*बरेली। इकलौते बेटे की सऊदी अरब में मौत के बाद वहां रखे उसके शव के तीन माह से आखिरी दीदार को भारत में तड़प रही मां को मोदी सरकार से राहत मिली है।*
संवाददाता शाहिद अंसारी
इस मां की फरियाद पर मोदी सरकार ने सऊदी अरब सरकार से संपर्क करके शव भारत लाने का इंतजाम किया। अब बुधवार को उसका शव सऊदी अरब से लाया जाएगा। बरेली के मोहल्ला सराय खाम निवासी मीना के शौहर का इंतकाल कई साल पहले हो गया था। मीना की जिंदगी उसके बेटे शाहबाज में बसी थी। शाहबाज भी बेरोजगार था। उसको किसी ने सऊदी में नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया। मोहल्ले के लोगों ने चंदा करके उसको नौकरी के लिए दिसंबर 2021 को सऊदी अरब भेजा। मोहल्ले के फैसल अनीस ने बताया कि शाहबाज वहां बहुत परेशान था। मां की तकलीफ को देख वो इतना टेंशन में आया कि उसने 25 मार्च 2022 को फांसी लगाकर जान दे दी। घर में केवल मां ही उसका सहारा थी। बेटे की मौत की खबर सुनकर वो बदहवास हो गई। मोहल्ले के लोगों ने केंद्र की मोदी सरकार से शाहबाज के जनाजे को भारत लाने की फरियाद की। सऊदी अरब के हॉस्पिटल में शाहबाज का शव रखा है। मां के पास इतना पैसा नहीं था कि वो दे पाए। केंद्र सरकार ने सऊदी अरब सरकार से बातचीत कर तमाम खर्च उठाया है। बुधवार को सऊदी से शाहबाज का शव भारत लाया जा रहा है।
कोई मां अपने बेटे को इस अवस्था में देखकर बर्दाश्त नहीं कर सकती। जिस बेटे को सीने से लगाकर कई महीनों तक दूध पिलाया। वहीं बेटा का जनाजा देखने के लिए मां रात भर जाकर उसकी याद में आंसू बहा रही है। घर में मां अपनी आंखें बंद कर पत्थर की बुत सी बनी है।
