बारिश कम होने से सूख रही फसल, खेतों में पड़ी दरारें; नहर का पानी नहीं खोला गया तो हजारों हेक्टेयर फसल संकट में
गोरेघाट/बालाघाट, 26 सितंबर
क्षेत्र में लगातार कम बारिश होने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। खेतों में नमी की भारी कमी के कारण फसलें सूखने लगी हैं और कई स्थानों पर जमीन में बड़ी-बड़ी दरारें पड़ गई हैं। धान सहित अन्य खरीफ फसलें पानी के अभाव में मुरझाने लगी हैं।
किसानों का कहना है कि यदि जल्द ही नहर का पानी नहीं छोड़ा गया, तो हजारों हेक्टेयर में खड़ी फसल बर्बाद होने की आशंका है। समय पर सिंचाई नहीं मिलने से फसल उत्पादन पर भी गंभीर असर पड़ सकता है, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा। वैसे भी पठार क्षेत्र में कम वर्षा होने से तालाब और नालों में पानी नहीं होने सिंचाई नहीं पा रही है।
ग्रामीण किसानों ने सिंचाई विभाग और प्रशासन से मांग की है कि किसानों के हित को देखते हुए तत्काल नहर का पानी छोड़ा जाए, ताकि खेतों तक पानी पहुंच सके और सूखती फसलों को बचाया जा सके।
किसानों का कहना है कि बारिश की कमी ने पहले ही खेती को प्रभावित किया है, ऐसे में नहर का पानी ही अब फसलों के लिए अंतिम उम्मीद बना हुआ है।
नहीं रुक रहा जंगली सुअरो का आतंक
ग्राम कुड़वा, गोरेघाट, संग्रामपुर आदि गांव में सूअरो ने ऐसा आतंक मचाया कि पूरी की पूरी फसल नष्ट हो रही है।

